लखनऊ। राजधानी के विकासनगर क्षेत्र में बीते दिनों हुई भीषण आगजनी ने कई परिवारों की खुशियों को उजाड़ दिया है। इस हादसे में अपना सब कुछ गंवा चुके पीड़ितों का हाल जानने और उन्हें ढांढस बंधाने के लिए महानगर उपाध्यक्ष यश वाल्मीकि शनिवार को उनके बीच पहुँचे।
पीड़ित परिवारों से मुलाकात के दौरान यश वाल्मीकि भावुक नज़र आए। उन्होंने हर परिवार से बात कर हुए नुकसान का जायजा लिया और उन्हें विश्वास दिलाया कि इस कठिन समय में वे अकेले नहीं हैं।
“इंसानियत ही सबसे बड़ी ताकत”
राहत सामग्री और सांत्वना देने पहुँचे यश वाल्मीकि ने कहा, “विकासनगर में लगी इस भीषण आग ने कई परिवारों के वर्षों के सपनों को राख कर दिया है। अपनों को इस तरह बेबस देखना हृदयविदारक है। मुसीबत की इस घड़ी में इंसानियत ही हमारी सबसे बड़ी ताकत है। मेरा संकल्प है कि इन पीड़ितों को हर संभव मदद पहुँचाई जाए ताकि वे फिर से अपना जीवन शुरू कर सकें।”
एकजुटता का संदेश
महानगर उपाध्यक्ष ने स्थानीय प्रशासन से भी वार्ता कर पीड़ितों के लिए उचित मुआवजे और पुनर्वास की मांग की। उन्होंने कार्यकर्ताओं और क्षेत्रीय लोगों से अपील करते हुए कहा कि संकट के इस समय में हम सबको एकजुट होकर प्रभावित परिवारों का साथ देना चाहिए।
मौके पर मौजूद स्थानीय निवासियों ने यश वाल्मीकि के इस संवेदनशील कदम की सराहना की। इस दौरान कई अन्य क्षेत्रीय पदाधिकारी और कार्यकर्ता भी उनके साथ मौजूद रहे।



